धामनोद पुलिस द्वारा गणेश घाट बायपास पर वाहनों पर पत्थर फेंकने के मामले में पकड़े गए आरोपी
धामनोद में वाहनों पर पत्थर फेंककर तोड़फोड़ करने वाले दो आरोपी पकड़े गए
धार, 2 अक्टूबर 2026। धामनोद पुलिस ने गणेश घाट बायपास रोड पर वाहनों पर पत्थर फेंककर तोड़फोड़ करने के मामले में दो आरोपियों को अभिरक्षा में लिया है। पुलिस के अनुसार वाहन रोकने का प्रयास करने के बावजूद वाहन नहीं रुकने से गुस्साए आरोपियों ने वाहनों पर पत्थर फेंके थे।
पुलिस टीम ने लगातार पतारसी और पूछताछ के बाद मुकुट पिता कैलाश बुडिकया और मनीष पिता दिनेश बुडिकया को अभिरक्षा में लिया।
गणेश घाट बायपास पर हुई थी घटना
27 सितंबर 2026 की रात नया बायपास रोड, गणेश घाट पर अज्ञात बदमाशों द्वारा वाहनों पर पत्थर फेंककर तोड़फोड़ की घटना हुई थी।
फरियादी योगेश पाटीदार की रिपोर्ट पर थाना धामनोद में अपराध क्रमांक 477/2026, धारा 125 बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया।
ग्रामीण क्षेत्रों में पुलिस ने की पतारसी
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक धार सचिन शर्मा ने अज्ञात आरोपियों की पतारसी कर शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धार विजय डावर और एसडीओपी धामनोद मोनिका सिंह के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी धामनोद के नेतृत्व में पुलिस टीम ने ग्राम कोठिदा, पटेलपुरा खुर्द, पलाशमाल और उतावली में लगातार भ्रमण किया।
पुलिस टीम ने ग्रामीणों से पूछताछ कर अज्ञात आरोपियों के संबंध में जानकारी जुटाई।
पूछताछ में वाहन नहीं रोकने की बात सामने आई
प्रकरण में थाना प्रभारी धामनोद के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। सक्रिय मुखबिर तंत्र और लगातार किए जा रहे प्रयासों के आधार पर पुलिस ने मुकुट पिता कैलाश बुडिकया और मनीष पिता दिनेश बुडिकया को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की।
पुलिस के अनुसार पूछताछ में दोनों ने बताया कि वे वाहन चालकों को वाहन रोकने का प्रयास करते थे, लेकिन वाहन नहीं रुकते थे। इसी बात से गुस्से में आकर वाहनों पर पत्थर फेंककर तोड़फोड़ की गई।
दोनों आरोपियों को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ और आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
आरोपियों का विवरण
मुकुट पिता कैलाश बुडिकया
उम्र: 25 वर्ष
निवासी: कोठिदा, पटेलपुरा
मनीष पिता दिनेश बुडिकया
उम्र: 19 वर्ष
निवासी: कोठिदा, पटेलपुरा
पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका
कार्रवाई में निरीक्षक संतोषसिंह यादव, थाना प्रभारी धामनोद, सहायक उपनिरीक्षक दुर्गाप्रसाद वैष्णव, आरक्षक मनीष राठौर, आरक्षक रविन्द्र जमरे और थाना धामनोद पुलिस स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।





































































































